
तिल्दा-नेवरा। शहर के वार्ड नंबर 5 में अवैध गैस रिफिलिंग का मामला लंबे समय से चर्चा का विषय बना हुआ है। नियम-कानूनों की खुलेआम धज्जियाँ उड़ाते हुए यहां रवि सब्ज़ी के पास स्थित एक बर्तन दुकान में गैस रिफिलिंग का धंधा तेज़ी से जारी है।
रिफिलिंग के दौरान आसपास के पूरे क्षेत्र में गैस की तेज़ गंध फैल जाती है, जिसे स्थानीय निवासी चिंताजनक स्थिति बताते हैं। लोगों का कहना है कि यह गंध इतनी तेज़ होती है कि एक छोटी सी चिंगारी भी गंभीर हादसे को जन्म दे सकती है। स्थानीय नागरिकों ने आशंका जताई है कि अगर समय पर कार्रवाई नहीं हुई तो तिल्दा-नेवरा किसी बड़े विस्फोट का गवाह बन सकता है।
फायर व्हीकल भी उपलब्ध नहीं, बाहर से मंगाना पड़ता है
सबसे गंभीर तथ्य यह है कि तिल्दा-नेवरा में किसी भी आपदा की स्थिति में तत्काल पहुंचने वाला फायर व्हीकल उपलब्ध ही नहीं है। शहर को आगजनी जैसी किसी घटना पर निर्भर रहना पड़ता है अन्य शहरों के फायर स्टेशनों पर, जहां से वाहन आने में काफी विलंब हो जाता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जब शहर में आग बुझाने की व्यवस्था ही समय पर उपलब्ध नहीं है, तो इस तरह की अवैध गैस रिफिलिंग स्वयं एक बड़ा खतरा बनकर खड़ी है।
अवैध रिफिलिंग पर जिम्मेदार चुप—स्थानीयों में आक्रोश
निवासियों ने बताया कि कई बार इस धंधे की जानकारी अधिकारियों को दी जा चुकी है, लेकिन अब तक किसी भी स्तर पर ठोस कार्रवाई नहीं की गई। इससे लोगों में नाराज़गी और भय दोनों बढ़ रहा है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है—
“अगर प्रशासन की निष्क्रियता इसी तरह जारी रही, तो हादसा होने के बाद ‘जांच के आदेश’ देना किसी काम का नहीं रहेगा। अभी कार्रवाई ज़रूरी है।”
बड़ी घटना से पहले कार्रवाई की मांग
नागरिकों ने जिला प्रशासन, नगर पालिका और सुरक्षा एजेंसियों से मांग की है कि शहर के भीतर चल रही अवैध गैस रिफिलिंग पर तात्कालिक कार्रवाई की जाए, साथ ही तिल्दा-नेवरा में स्थायी फायर व्हीकल की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना से शहर को सुरक्षित रखा जा सके।
