
तिल्दा-नेवरा क्षेत्र के ग्राम कोहका में शुक्रवार से भक्ति, श्रद्धा और आध्यात्म का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है। स्वर्गीय श्री भरत लाल जायसवाल जी की पुण्य स्मृति में आयोजित “संगीतमय श्रीमद् भागवत सप्ताह ज्ञान यज्ञ” का शुभारंभ भव्य कलश यात्रा एवं शोभायात्रा के साथ हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
गांव की गलियों से निकली कलश यात्रा में महिलाएं सिर पर कलश धारण कर भजन-कीर्तन करती हुई आगे बढ़ीं, वहीं श्रद्धालु भगवान के जयकारों से वातावरण को भक्तिमय बना रहे थे। पूरे आयोजन स्थल को आकर्षक सजावट से सजाया गया है, जिससे माहौल और भी आध्यात्मिक हो उठा है।
प्रसिद्ध कथावाचिका देंगी भागवत ज्ञान का रसपान
इस सप्ताह भर चलने वाले ज्ञान यज्ञ में व्यास पीठ पर प्रसिद्ध भागवताचार्य पूज्य दीदी पूजा किशोरी जी (बेमेतरा, कारेसरा) विराजमान हैं। वे अपनी मधुर वाणी और भावपूर्ण शैली में श्रीमद् भागवत कथा का वाचन कर श्रद्धालुओं को भक्ति रस से सराबोर करेंगी। उनके प्रवचन सुनने के लिए आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।
सप्ताह भर चलेंगे विविध धार्मिक प्रसंग
1 मई से 9 मई तक चलने वाले इस धार्मिक आयोजन में प्रतिदिन भागवत कथा के विभिन्न प्रसंगों का विस्तार से वर्णन किया जाएगा। कथा के दौरान भगवान की लीलाओं, भक्तों की भक्ति और धर्म के महत्व को सरल और प्रभावी शैली में प्रस्तुत किया जाएगा।
1 मई: कलश यात्रा एवं भागवत महात्म्य
3 मई: ध्रुव चरित्र
5 मई: राम-कृष्ण जन्म एवं नंदोत्सव
6 मई: माखन चोरी, गोवर्धन पूजा एवं 56 भोग
7 मई: रुक्मणी विवाह
9 मई: गीता पाठ, हवन एवं तुलसी वर्षा
इन विशेष प्रसंगों के दौरान भजन-कीर्तन, झांकियां और धार्मिक अनुष्ठान भी आकर्षण का केंद्र रहेंगे।
बरसी पर विशाल भोजन प्रसादी का आयोजन
9 मई को स्वर्गीय श्री भरत लाल जायसवाल जी की बरसी के अवसर पर विशाल भोजन प्रसादी का आयोजन किया जाएगा, जिसमें क्षेत्रभर के श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।
श्रद्धालुओं से की गई अपील
यह आयोजन प्रतिदिन दोपहर 1 बजे से “प्रभु इच्छा तक” ग्राम कोहका में आयोजित होगा। आयोजनकर्ता अनुसुईया बाई जायसवाल, अनिल-अंजलि जायसवाल, चेतन-वेदमणी जायसवाल एवं समस्त जायसवाल परिवार ने सभी धर्मप्रेमी श्रद्धालुओं से सपरिवार उपस्थित होकर कथा श्रवण करने एवं पुण्य लाभ अर्जित करने की अपील की है।

गांव में बना भक्ति का माहौल
इस आयोजन से पूरे ग्राम कोहका में धार्मिक और सांस्कृतिक माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों में खासा उत्साह देखा जा रहा है और यह आयोजन क्षेत्र में आध्यात्मिक जागरण का संदेश भी दे रहा है।
